बेटी के विवाह से पहले गृहस्थी का सामान जला, पाई-पाई जोड़कर और उधार लेकर खरीदा था सामान

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आग लगने से पूरी तरह जला बेटी के विवाह के लिए जमा गृहस्थी का सामान।

* पन्ना में आगजनी प्रभावित गरीब दलित परिवार की बढ़ी मुश्किलें

* जिस कमरे में सामान रखा था वहां भगवान के मंदिर में जलाया था दीपक

* बंद कमरे से धुआँ उठता देखकर पड़ोसी ने दी आग लगने की जानकारी

मनीष सारस्वत, रोहित रैकवार- पन्ना। (www.radarnews.in) शहर के धाम मोहल्ला में रहने वाले एक दलित परिवार की बेटी के विवाह से पहले उसकी गृहस्थी का पूरा सामान जलकर खाक हो गया। पाई-पाई जोड़कर और उधार लेकर खरीदे गए सामान के जलने से पीड़ित परिवार काफी दुखी व चिंता में डूबा हुआ है। बेटी के विवाह का पूरा सामान जलने से मानों उनके ऊपर मुश्किलों का पहाड़ टूट पड़ा है। इनकी चिंता इस बात को लेकर है कि वे पहले से तय तिथि में बेटी का विवाह अब कैसे कर पाएंगे ? क्योंकि दूर के रिश्तेदारों व परिचितों को वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आमंत्रण पत्र (कार्ड) भेजा जा चुका है।
आगजनी प्रभावित बिहारी जाटव अपनी बेटी पिंकी और पत्नी के साथ।
पन्ना के धाम मोहल्ला निवासी फल विक्रेता बिहारी जाटव के घर पिछले कुछ दिनों से चहल-पहल बढने के साथ उत्साह व ख़ुशी का माहौल था। दरअसल, उनकी बेटी पिंकी के विवाह की तारीख़ जो नजदीक आ रही थी। पिंकी का विवाह 14 अप्रैल को उत्तर प्रदेश के महोबा जिले के मौदहा में होना तय हुआ है। बेटी के लिए सुयोग्य वर की तलाश करने के बाद बिहारी जाटव व परिवार के अन्य सदस्य बड़े अरमानों के साथ उसे ख़ुशी-ख़ुशी विदा करने के लिए विवाह की आवश्यक तैयारियों में जुट गए।
जले हुए गृहस्थी के सामान को देखते मोहल्ले के लोग।
वैवाहिक सीजन शुरू होने पर घर-गृहस्थी का सामन महंगा होने की संभावना को देखते हुए बिहारी जाटव ने अपनी जमा पूँजी से और परचितों से कुछ रूपए उधार लेकर बेटी के विवाह में उसे उपहार के रूप में देने के लिए अधिकाँश सामान खरीद कर रख लिया था। दूर रहने वाले रिश्तेदारों-परिचितों को विवाह में शामिल होने के लिए आमंत्रण पत्र भी भेज दिए गए। इस बीच सोमवार 23 मार्च की शाम बिहारी के घर पर जिस कमरे में बेटी के विवाह का सामान रखा था उसके अंदर स्थित भगवान के मंदिर में उनकी माँ ने रोज की तरह शाम को पूजा-पाठ कर दीपक जलाया और फिर कमरे के दरवाजे पर ताला डालकर वापस घर के उस हिस्से में चलीं गईं जहाँ सभी सदस्य निवास करते हैं। रात्रि में खाना खाने के बाद बिहारी जाटव और परिवार के अन्य सदस्य अपने-अपने कमरों में सोने के लिए चले गए।
मंगलवार तड़के पड़ोसी मोहन जाटव की जब नींद खुली तो उन्होंने देखा कि बिहारी के मकान के बाहरी कमरे से भीषण धुआँ उठ रहा था। आग लगने की आशंका के मद्देनजर मोहन ने तुरंत बिहारी जाटव व उनके परिजनों को सूचित किया। जिस कमरे से धुआँ निकल रहा था जब उसके दरवाजे खोले गए तो अंदर रखा बेटी के विवाह का सामान आग की प्रचण्ड लपटों में जलता हुआ देखकर सबके होश उड़ गए। आनन-फानन पड़ोसियों की मदद से कमरे की आग को बुझाने पानी डाला गया। करीब आधा घण्टे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। हालाँकि तब तक अधिकाँश सामान जल कर ख़ाक हो चुका था। आगजनी की घटना में फ्रिज, कूलर, टीव्ही, सोफा सेट, डबल बैड, अलमारी, गद्दे, कपड़े, खाद्यान्न सामग्री सहित करीब 3 लाख रुपए मूल्य का सामान जल गया। ऐसे कयास लगाए जा रहे हैं कि गृहस्थी के सामान में आग मंदिर के दीपक से लगी है।
आगजनी की घटना के बाद से जाटव परिवार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। कल तक बिहारी के घर पर जहाँ ख़ुशी और उत्साह का माहौल था आज वहाँ परिवार के प्रत्येक सदस्य के चेहरे पर उदासी और चिंता साफ़ नजर आ रही है। इन हालात में पूर्व निर्धारित तिथि पर पिंकी के हाथ पीले कैसे होंगे, अपनी लाड़ली को अरमानों के साथ वे कैसे विदा कर पाएंगे यह चिंता जाटव परिवार को हर पल बेचैन कर रही है। बहरहाल अच्छी बात यह है कि इस मुश्किल घड़ी में कुछ संवेदनशील लोग आगजनी प्रभावित इस गरीब दलित परिवार की मदद के लिए आगे आए हैं। उधर कोतवाली थाना पन्ना पुलिस को आगजनी की घटना की सूचना दी गई। पीड़ित बिहारी जाटव ने शासन-प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों से उदारतापूर्वक मदद करने की गुहार लगाई है।